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India AI Impact Summit 2026: मोदी का 'मानव-केंद्रित AI' का आह्वान, 20,000 GPUs का वादा
नई दिल्ली में पांच दिवसीय India AI Impact Summit में पीएम मोदी ने ग्लोबल साउथ के लिए AI के लोकतंत्रीकरण की वकालत की, जबकि IndiaAI मिशन 2.0 ने स्टार्टअप्स के लिए 20,000 अतिरिक्त GPU की प्रतिज्ञा की।
Key takeaways
- ▸पीएम मोदी ने AI गवर्नेंस में भारत को ग्लोबल साउथ की आवाज़ के रूप में स्थापित किया, और समावेश के लिए AI की वकालत की।
- ▸IndiaAI मिशन 2.0 के तहत भारत मौजूदा 38,000 में 20,000 GPU जोड़ेगा — छह महीने में तैनाती अपेक्षित।
- ▸टाटा समूह और OpenAI ने 100 मेगावॉट AI इन्फ्रास्ट्रक्चर के लिए रणनीतिक साझेदारी की घोषणा की।
- ▸Jio ने 'नेसन-फर्स्ट AI स्टैक' का अनावरण किया; Google ने विशाखापत्तनम में नए AI हब की घोषणा की।
- ▸BharatGen कंसोर्टियम ने भारतीय भाषाओं पर केंद्रित देश के मूल AI मॉडल PARAM 2 का प्रदर्शन किया।
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नई दिल्ली इस सप्ताह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का वैश्विक गुरुत्वाकर्षण केंद्र बन गया, क्योंकि India AI Impact Summit 2026 ने 40 से अधिक देशों के राष्ट्राध्यक्षों, तकनीकी अधिकारियों और शोधकर्ताओं को एक मंच पर ला खड़ा किया। पांच दिनों तक चले इस मंथन का उद्देश्य था AI का भविष्य तय करना — और उसमें भारत की भूमिका को आकार देना।
मोदी का 'मानव-केंद्रित AI' नज़रिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 16 फरवरी को शिखर सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए AI को अमीरों के उपकरण के रूप में नहीं, बल्कि ऐतिहासिक रूप से वंचितों के लिए एक उत्तोलक (lever) के रूप में पेश किया।
"AI को एक महान विभाजक नहीं, बल्कि एक महान समानताक (equaliser) होना चाहिए," उन्होंने कहा। मोदी ने विशेष रूप से ग्लोबल साउथ के लिए समावेशन और सशक्तिकरण के उपकरण के रूप में AI के लोकतंत्रीकरण की वकालत की। उन्होंने भारत की UPI सफलता के साथ स्पष्ट समानताएं खींचीं — एक ऐसी तकनीक जिसने 50 करोड़ बैंक-रहित भारतीयों को औपचारिक वित्तीय प्रणाली में लाया — और तर्क दिया कि AI अफ्रीका और दक्षिण पूर्व एशिया में स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा और कृषि के लिए वही कर सकता है।
20,000 GPU और कंप्यूट की दौड़
इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शिखर सम्मेलन की सबसे ठोस प्रतिबद्धता की घोषणा की: भारत IndiaAI मिशन 2.0 के तहत अपने मौजूदा 38,000 में 20,000 ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट (GPU) जोड़ेगा। ऑर्डर दे दिए गए हैं, और छह महीने के भीतर तैनाती की उम्मीद है।
यह कदम स्टार्टअप्स, शोधकर्ताओं और छात्रों को उच्च-गुणवत्ता वाली कंप्यूट एक्सेस प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया है — यह उस आलोचना का सीधा जवाब है कि भारत की AI महत्वाकांक्षाएं अपर्याप्त बुनियादी ढांचे के कारण रुकी हुई थीं।
NVIDIA ने अपनी घोषणा के साथ इस प्रतिबद्धता का समर्थन किया: कंपनी भारतीय क्लाउड प्रदाताओं — Yotta, L&T, और E2E Networks — के साथ मिलकर हज़ारों NVIDIA GPU द्वारा संचालित उन्नत AI फैक्ट्रियां स्थापित कर रही है। इसमें Yotta के शक्ति क्लाउड के लिए 20,000 से अधिक ब्लैकवेल अल्ट्रा GPU शामिल हैं।
टाटा-OpenAI साझेदारी
शिखर सम्मेलन की शायद सबसे व्यावसायिक रूप से महत्वपूर्ण घोषणा में, टाटा समूह और OpenAI ने भारत में 100 मेगावॉट AI बुनियादी ढांचे को विकसित करने के लिए एक रणनीतिक साझेदारी का खुलासा किया, जिसमें 1 गीगावॉट तक स्केलेबिलिटी है।
इस साझेदारी में एंटरप्राइज़ AI अपनाने को बढ़ावा देने और टाटा के 9,00,000 से अधिक कर्मचारियों के कार्यबल में AI कौशल का विस्तार करने की पहल भी शामिल है। विश्लेषकों ने नोट किया कि यह OpenAI की रणनीति में एक बदलाव का प्रतिनिधित्व करता है — जो पहले अमेरिका, यूरोप और जापान पर केंद्रित थी — अब बड़े पैमाने पर उभरते बाजारों की ओर है।
Jio का $110 बिलियन का AI दांव
रिलायंस जियो ने शिखर सम्मेलन में अपना 'नेसन-फर्स्ट AI स्टैक' (Nation-First AI Stack) पेश किया, जिसे भारत के अद्वितीय सामाजिक-आर्थिक संदर्भ के लिए डिज़ाइन किया गया है। यह स्टैक भारतीय भाषा-आधारित डेटा नींव, एक बहुभाषी खुफिया परत, और क्षेत्र-विशिष्ट एप्लिकेशन मॉड्यूल पर जोर देता है।
इसके साथ ही Jio ने सात वर्षों में AI में $110 बिलियन (₹10 लाख करोड़) के निवेश की व्यापक घोषणा की, जिसमें 2026 की दूसरी छमाही में 120 मेगावॉट से अधिक की AI-रेडी डेटा सेंटर क्षमता के ऑनलाइन आने की उम्मीद है।
भारतजेन (BharatGen) और PARAM 2
BharatGen, शैक्षणिक संस्थानों का एक सरकार-समर्थित कंसोर्टियम, ने भारत के मूल AI मॉडल बनाने के अपने प्रयासों का प्रदर्शन किया, जिसमें PARAM 2 शामिल है — एक बहुभाषी मॉडल जिसे भारतीय भाषा के डेटा पर प्रशिक्षित किया गया है। कंसोर्टियम ने घोषणा की कि PARAM 2 को प्रमुख वैश्विक मॉडलों के खिलाफ बेंचमार्क किया गया है और यह हिंदी, तमिल, तेलुगु और बंगाली टेक्स्ट समझ में प्रतिस्पर्धी प्रदर्शन दिखाता है, जबकि काफी कम कंप्यूट का उपयोग करता है।
आगे क्या
शिखर सम्मेलन 20 फरवरी को समाप्त हो रहा है, जिसमें कार्य समूहों से AI सुरक्षा, डेटा गवर्नेंस और कंप्यूट संप्रभुता पर सिफारिशें प्रकाशित करने की उम्मीद है। भारत के लिए, सवाल यह है कि क्या ये घोषणाएं परिचालन वास्तविकता में तब्दील होती हैं — या जैसा कि आलोचकों ने पिछले तकनीकी शिखर सम्मेलनों के बारे में तर्क दिया है, केवल MoU चरण तक ही सीमित रहती हैं।
IndiaAI मिशन के तहत पहले से निवेश किए गए ₹10,372 करोड़ एक आधार प्रदान करते हैं, लेकिन असली परीक्षा तब होगी जब 20,000 GPU तैनात होंगे और शोधकर्ताओं का पहला समूह भारतीय बुनियादी ढांचे पर मॉडल प्रशिक्षित करना शुरू करेगा।
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100% claims sourcedIndiaAI मिशन 2.0 के तहत भारत मौजूदा 38,000 में 20,000 GPU जोड़ेगा।
टाटा समूह और OpenAI भारत में 100 मेगावॉट AI इन्फ्रास्ट्रक्चर बनाएंगे, जिसे 1 गीगावॉट तक बढ़ाया जा सकेगा।
NVIDIA योटा के शक्ति क्लाउड के लिए 20,000 से अधिक ब्लैकवेल अल्ट्रा GPU तैनात कर रहा है।
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